बल्डप्रैशर में अचानक आए बदलाव को करें ऐसे टैकल

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image credits: my health tips

रक्तचाप वह दबाव है जिसकी मदद से दिल नसों के द्वारा शारीर के सभी अंगों तक रक्त पहुंचाता है। जब रक्तचाप बढ़ जाता है तो रक्त तेज़ी से नसों से गुजरता है जिससे नाज़ुक कोशिकाओं को हानि होती है तथा रक्त कोशिकाएं क्षतिग्रस्त हो जाती है।

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इसी तरह रक्तचाप कम हो जाने पर शरीर के सभी हिस्सों तक तेज़ी से रक्त नहीं पहुँचता जिससे ऑक्सीजन की कमी रहने लगती है तथा आप आलस से लेकर चक्कर तक समस्याएँ महसूस करते हैं।

रक्तचाप में आने वाले यह बदलाव हमारे देश की आधी आबादी को जीवन के किसी न किसी पड़ाव पर प्रभावित करते हैं। क्यूंकि रक्त का प्रवाह हमारे जीवन के लिए बेहद ज़रूरी है, इसलिए हमें रक्तचाप को नियंत्रित रखने से जुडी जानकारी और उपाय ज़रूर समझने चाहिये।

 

आइये जानते हैं रक्तचाप में बदलाव का उपचार कैसे करें –

 

व्यायाम 

दिन में 30 से 60 मिनट का व्यायाम आपके दिन का महत्वपूर्ण हिस्सा होना चाहिए। ऐसा करने से न सिर्फ आपका रक्तचाप संतुलित रहता है, बल्कि आपकी मनोदशा, ताकत और संतुलन में भी बेहतरी होती है। यह आपके मधुमेह के खतरे को भी कम कर ह्रदय रोग की सम्भावना घटा सकता है।

पर अगर आप लम्बे समय से कोई व्यायाम नहीं कर रहे हैं तो अपने चिकित्सक से आदर्श व्यायाम चर्या के बारे में चर्चा करने के बाद ही कोई रूटीन अपनाएं। शुरुआत में हल्के व्यायाम ही करें, फिर धीरे-धीरे गति बढाएं। साथ ही हफ्ते में दो दिन मांसपेशियों की ताकत बढाने वाले व्यायाम भी अपनाएं।

 

आहार 

शरीर में हाइपरटेंशन और हाइपोटेंशन को दूर करने के लिए आपको सही आहार शैली का पालन करना चाहिए। आपके आहार में इन चीज़ों को शामिल करें-

 

  • फल, सब्ज़ी व् मोटा अनाज।
  • कम वसा युक्त दुग्ध पदार्थ, मछली और सूखे मेवे
  • अनसैचुरेटेड वसा युक्त आहार को मैदे युक्त सैचुरेटेड फैट आहार से ज्यादा महत्व दें।

 

खाने में मिष्ठान और मीठे पेय कम करने से भी आपको लाभ होगा।

 

नमक 

रक्तचाप कम करने के लिए आपको सोडियम का सेवन कम करना होगा। कई लोग बहुत ज्यादा सोडियम लेते हैं जिससे शरीर में पानी जमा होने लगता है और रक्तचाप बढ़ जाता है। आपको रक्तचाप संतुलित रखने के लिए दिन भर में सिर्फ आधा छोटा चम्मच नमक ही लेना चाहिए। सोडियम कम करने के लिए नमक का सेवन कम कर दें तथा पोटैशियम युक्त आहार का सेवन बढ़ा दें।

इसी तरह रक्तचाप कम हो जाने पर नमक का पानी लेने से आपको लाभ होगा।

 

वजन कम करें 

रक्तचाप और वज़न का गहरा रिश्ता होता है। अगर आप सिर्फ 5 किलो वजन कम कर लें तो भी आपका रक्तचाप कम हो जाएगा। अगर आपके पेट के आस-पास वसा जमी है तो इसे कम करने पर भी रक्तचाप कम किया जा सकता है।

 

निकोटीन कम लें 

सिगरेट का हर एक कश आपके रक्तचाप को अगले कई मिनटों के लिए बढ़ा देता है। अगर आप अक्सर धुम्रपान करते हैं तो आपका रक्तचाप हमेशा बढ़ा रह सकता है। ऐसे में आपको उच्च रक्तचाप, ह्र्द्यघात व् एनी रोगों की समस्या हो सकती है।

अगर आप धुंए के बीच बैठें हैं तो भी आपको यह समस्या हो सकती है। इसलिए धुम्रपान छोड़ें तथा आस-पास की हवा साफ़ रखने के लिए कदम उठाएं।

 

शराब 

दिन में एक गिलास रेड वाइन पीने में कोई समस्या नहीं है। पर अगर आप शराब को सीमित मात्रा से ज्यादा ले रहे हैं तो आप जल्द ही उच्च रक्तचाप की समस्या से परेशान हो जाएंगे। साथ ही शराब के सेवन से रक्तचाप की दवा का प्रभाव भी कम होने लगता है।

यही वजह है की समस्या चाहे उच्च रक्तचाप की हो या निम्न रक्तचाप की, शराब का सेवन कम रखने में ही भलाई है।

 

तनाव कम लें 

आज की दौड़ती-भागती जिंदगी में धीमे होकर आराम करना सम्भव नहीं है। पर कभी-कभी अपनी जिम्मेदारियों से दुरी बनाकर कुछ देर अपने लिए निकालने से आप कई समस्याओं से बच पाएंगे।

तनाव होने पर कुछ देर के लिए आपका रक्तचाप बढ़ जाता है। तनाव कम करने से आपका रक्तचाप दोबारा सामान्य हो पाएगा तथा आप दोबारा पूरी क्षमता से काम कर पाएंगे। अगली बार आप जब भी तनाव महसूस करें, कुछ देर रुककर गहरी सांस लें या योग करें।

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