जानें अल्जाइमर रोग – भूलने की बीमारी के लक्षणों को और करें सही उपचार

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alzheimer's disease
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अल्जाइमर रोग (Alzheimer’s Disease) जो कि डेमेंशिया (Dementia) का एक प्रकार है, मरीज के शारीरिक तथा मानसिक रूप से काम करने पर एक नकारात्मक प्रभाव डालती है। इस बीमारी से पीडित को कई बातें याद नहीं रहती। धीरे-धीरे मरीज की याददाश्त नष्ट होती जाती है तथा उसे छोटी-छोटी तथा रोजमर्रा की कई सरल बातें भी भूलने लगती हैं। कई बार मरीज को नाम, चेहरे, विभिन्न स्थानों के बारे में याद करने में काफी परेशानी होती है। जो बातें घटित हो गई हैं उन्हें भी स्मरण करने में तकलीफ होती है।

यह बीमारी होने पर मरीज में सामान्यतः निम्नलिखित लक्षण पाये जाते हैं।

1) डिप्रैशन की भावना

2) उदासीनता का महसूस होना

3) सामाजिक दूरी अर्थात समाज के लोगों से दूरी बनाए रखना (अकेलेपन का एहसास)

4) रोजमर्रा के मिजाज में परिवर्तन आना

5) चिडचिडापन तथा शक की भावना निर्माण होना।

6) बढती उम्र तथा आक्रामक स्वभाव

प्रत्येक व्यक्ति में अल्जाइमर रोग के भिन्न-भिन्न प्रकार के लक्षण पाये जाते हैं। यदि अल्जाइमर रोग का उपचार करने के लिए हम निम्नलिखित सरल घरेलू उपायों को अपनाएं तो अवश्य ही हमें इस रोग से संबंधित समस्याओं का निदान करने में काफी लाभ प्राप्त होगा। और आपको यह जानकर आश्चर्य होगा कि हम इन उपायों को अपने रसोईघर में भी बडी आसानी से पा सकते हैं। आइये हम देखते हैं कि ये उपाय कौन कौन से है?

1) तिल का तेल – आयुर्वेद में तिल के तेल को बहुत ही महत्वपूर्ण माना गया है। अल्जाइमर रोग की वजह से जो शक्तिहीनता आती है उसके लिए तिल के तेल को बहुत ही लाभवर्धक कहा गया है। तिल के तेल को गुनगना गरम करके उसकी 3-3 बूंदे अपने नसिका के दोनों छिद्रों में डालो। थोडा-सा गुनगुना तिल का तेल अपने सिर तथा पैरों के तलवों पर मालिश करने से भी काफी आराम पहुँचता है।

2) ब्लूबेरी (Blueberries) – इनमें प्रति-ऑक्सीकारक (Antioxidant) तत्व काफी मात्रा में पाये जाने की वजह से यह बढती उम्र से संबंधित शारीरिक बदलाव को कम करने में काफी सहायक जो अक्सर अल्जाइमर रोग होने पर पाया जाता है।

3) गाजर खाएं – हमारे शरीर में विटामिन-A को पाने का सबसे उचित तथा सुरक्षित उपाय है गाजर खाना। यदि हमारे शरीर में विटामिन-A की पर्याप्त मात्रा नहीं हैं तो इससे हमारे नब्ज तथा याददाश्त को हानि पहुँच सकती है। विटामिन-C से भरपूर पोषक तत्व भी जैसे पालक, हरी पत्तेदार सब्जियाँ, हरे, लाल-पीली शिमला मिर्च, इत्यादि हमारे शारीरिक स्वास्थ्य के लिए लाभदायक हैं। प्रतिदिन 1 गिलास संतरे का जूस (Orange Juice) पीने से भी हमारे शरीर में विटामिन-C की मात्रा बढती है।

4) बादाम खाएं – बादाम में अक्सर विटामिन-E भरपूर मात्रा में पाया जाता है जो एक स्वस्थ दिमाग के लिए बहुत ही फायदेमंद है।

5) अल्जाइमर रोग से पीडित लोगों में अक्सर मुँह का स्वाद कम होने लगता है। अतः हमें उनके आहार को थोडे से मसाले अधिक मात्रा में डालकर थोडा चटपटा बनाना चाहिए जिससे उनको स्वाद भी आए तथा उन्हे अपना आहार मजेदार भी लगे।

6) Ginkgo एक प्रकार का पेड़ है जो अल्जाइमर रोग या डेमेंशिया के लक्षणों को कम करने में काफी लाभवर्धक सिद्ध होता है। Ginkgo के पत्तों का रस हमारे शरीर में रक्त के प्रवाह को सुचारू रूप से बढाता है तथा इस रस का सेवन करने से ज्यादा से ज्यादा रक्त प्रवाह हमारे मस्तिष्क तक जाता है जिससे याददाश्त खोना तथा सर चकराने की समस्या कम होने लगती है।

7) हल्दी – हल्दी में क्यूरियम (Curium) नामक एक प्रतिऑक्सीकारक (Anti-Oxidant) पाया जाता है जिसके सेवन से अल्जाइमर रोग बढ़ने से रूकता है।