स्पेशल मौकों पर इस तरह परोसें अपने मेहमानों को विभिन्न प्रांतो का स्वाद

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image credits: swasthi's recipes

कहा जाता है की हर 20 किलोमीटर बाद भाषा, कपडे, संगीत, आहार शैली और सभी कुछ बदल जाता है। (special occasion snacks recipes for guests) भारत जैसे विशाल देश की विविधता शायद इस पैमाने से भी परे है जो हमारे संस्कृति को और भी खूबसूरत बनाती है। इस बार रोशनी के त्यौहार दीपावली में दूर-दूर से आने वाले अपने मेहमानों को भारत की इसी विविधता से भरी  संस्कृति के स्वाद और रंग थाली में परोसें , इन स्वादिष्ट व्यंजनों के ज़रिए-

 

चोराफली-

मुँह में रखते ही घुल जाने वाले इस गुजरती स्नैक को इस तरह तैयार करें-

¼ कप पानी में चुटकी भर नमक और एक चम्मच तेल डालकर 1-2 मिनट तक उबालें। 1 कप बेसन, 1/3 कप उरद दाल का आटा और चुटकी भर बेकिंग सोडा एक बर्तन में छान लें। इसमें गुनगुना पानी डालकर कडक आटा गुथ लें। इसे कपड़े से ढककर 15 मिनट के लिए अलग रख दें। अब गुथे आटे का एक हिस्सा लेकर चकले पर फैलाएँ । इसपर थोडा तेल लगाएं, फिर मोड़कर दोबारा फैलाएँ। फिर तेल लगाकर प्रक्रिया तब तक दोहराएँ जब तक आटा मुलायम और हल्के रंग का नहीं हो जाता है। इसकी लोई बनाकर पतला बेल लें। पारे के आकार का काटकर फ्राई कर लें । ऊपर से मनपसंद मसाले छिडकें या चटपटी चटनी के साथ परोसें।

 

गोवा नेवरी-

नेवरी गोवा की एक मिठाई है जिसे इस तरह बनाया जाता है-

 

1/4 कप घी को 2 कप मैदे में मिलाएं तथा पानी की मदद से गुथ लें। इसे आधे घंटे के लिए अलग रख दें। भरावन बनाने के लिए 1 कप किसा नारियल, 1 कप शक्कर, 1 चम्मच खस-खस, 1 चम्मच इलायची पाउडर और 1 चम्मच कटे बादाम मिलाएं। तैयार आटे की लोई बनाकर थोड़ी मोटी रोटी बेलें। रोटी के कोनों में थोडा पानी लगाएं। अब रोटी के आधे भाग में थोडा भरावन रखें। दुसरे भाग को मोड़कर भरावन को अच्छी तरह ढक दें। कोनों को दबाकर पूरी तरह बंद कर दें। इस नेवरी के कोनों को आप कट सकते हैं, डिज़ाइन दे सकते हैं या खूबसूरती से मोड़ सकते हैं। ध्यान रहे, कोने खुलने नहीं चाहिए। इसी तरह बाकी आटे और भरावन की नेवरी बना लें। एक कडाही में तेल गर्म करें। इसमें नेवरी को सुनहरा भूरा होने तक तलें। इन्हें गर्मागर्म खाएँ या डब्बों में भर कर रख लें।

 

पतिशाप्ता पीठ-

ये एक बंगाली व्यंजन है जिसे आपके मेहमान लम्बे समय तक याद करेंगे-

 

भरावन के लिए एक बर्तन में 3 कप किसा नारियल(या खोया) शक्कर या गुड के साथ मिलाएं तथा इसे धीमी आंच पर रखें। खोए के साथ आपको और दूध मिलाने की आवश्यकता होगी। इसमें 3-4 इलायची के दाने मिलाएं। मिश्रण को तब तक चलाते रहें जब तक ये गाढ़ा न होने लगे- इसमें 15-20 मिनट लगेंगे। इसके बाद मिश्रण को आंच से हटाकर अलग रख दें। पतिशाप्ता के लिए 1 कप मैदा, 1/2 कप सूजी और 1/4 कप चावल का आटा मिलाएं। इसमें 1 1/2 कप दूध धीरे-धीरे इस तरह मिलाएं की कोई गुठली न रह जाए। इस मिश्रण को आधे घंटे के लिए अलग रखें। एक नॉन स्टिक तवे में थोडा तेल डालकर गर्म करें। इसपर मिश्रण का थोडा हिस्सा डालें और चम्मच की मदद से तुरंत फैलाएँ। इसके बीच में लम्बाई में भरावन रखें तथा इसके कोनों को घुमाकर रोल बना लें। हल्का भूरा होने तक पकाएं। बची सामग्री से भी इसी तरह रोल बनाएँ। एक प्लेट में रखें और ऊपर से थोड़ी मलाई या गाढ़ा दूध डालें। गर्म या ठंडा परोसें।

 

पंजाबी मेथी मठरी-

पोषण और स्वाद की जुगलबंदी आपको इस उत्तर भारत के व्यंजन में देखने को मिलेगी-

 

एक बर्तन में 2 कप मैदा/आटा लें, इसमें स्वादानुसार नमक, 1/2 चम्मच अजवाइन, 2 चम्मच कसूरी मेथी डालें और अच्छी तरह मिलाएं। ऊपर से 5 चम्मच पिघला घी डालकर मिलाएं। ठंडे पानी की मदद से इस मिश्रण को अच्छी तरह गूंथ लें। आटे के 20-25 गोले बनाकर रखें। इनकी छोटी-छोटी पूरी बेलें, बीच से मोड़ें, दुबारा मोड़कर तिकोन बनाएँ। सजावट के लिए इसपर एक लौंग चिपकाएँ ताकि ये एक पान की तरह दिखे। कडाही में तेल गर्म कर इन मठरियों को सुनहरा भूरा होने तक तल लें। ठंडा होने पर परोसें या डिब्बों में रखें।

 

मैसूर पाक-

कर्नाटक की ये मिठाई पुरे देश में बहुत लोकप्रिय है-

 

1 कप बेसन को अच्छी तरह छान कर रखें। 1 कप पानी में 1 कप शक्कर डालें और धीमी आंच पर घुलने दें। घुल जाने पर आंच बढ़ा दें तथा एक तार की चाशनी बना लें। इस चाशनी में 1 चम्मच बेसन डालकर अच्छी तरह मिलाएं। इसी तरह एक-एक चम्मच कर बेसन को डालते और मिलाते जाएं ताकि कोई भी गुठलि न पड़े। अब 2 कप घी भी एक-एक चम्मच कर डालें और मिलाएं। मिश्रण का रंग अब बदलकर भूरा होने लगेगा। एक थाली में इस मिश्रण को फैलाएँ। ऊपर घी आ जाए तो हटाएँ नहीं, थाली को ठोकते हुए मिश्रण की सतह समतल करें। ठंडा होने पर बर्फी की तरह काटें और परोसें।