स्वाइन फ्लू से कैसे बचें 

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Image credits: Laois Today

स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों ने सभी को चिंता में डाल दिया है। अगर आप भी अपने व् अपने परिवार के स्वास्थ्य को लेकर चिंता में हैं तो इस रोग से बचने के उपाय जानें।

आइये जानते हैं ऐसे आयुर्वेदिक उपाय जो आपको स्वाइन फ्लू तथा अन्य तरह के फ्लू से बचने में मदद करेगा-

1. तुलसी की पांच पत्तियों को रोज़ाना सुबह धो कर खाएं। तुलसी में कई तरह के औषधीय गुण होते हैं। इससे आपके फेफड़े और गला की सफाई होती है तथा किसी भी तरह के संक्रमण को खत्म कर यह आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढाती है।

2. गिलोई भी एक महत्वपूर्ण औषि है जिसका पौधा लगभग हर जगह पाया जाता है। गिलोई की एक फूट लम्बी टहनी को लें तथा इसे 5-6 तुलसी की पत्तियों के साथ 15-20 मिनट के लिए उबालें। इसमें कलि मिर्च और सेंध नमक डालें या मिस्री की मदद से स्वाद बढाएं। इस काढ़े को गुनगुना होने तक ठंडा करें तथा इसे पी लें। यह काढ़ा आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढाने में बड़ी मदद करेगा। अगर गिलोई उपलब्ध न हो तो आप गिलोई का पाउडर नज़दीकी दूकान से ला सकते हैं।

3. कपूर का एक छोटा हिस्सा महीने में एक या दो बार लें। बड़े इसे पानी की मदद से पी सकते हैं तथा बच्चों को यह केले या आलू के साथ मसकर देना चाहिए।  यह उपाय भी आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढाने में मदद करेगा। याद रखें, कपूर को रोजाना नहीं लिया जाना चाहिए।

4. अगर आप लहसुन खाते हैं तो कच्ची लहसुन की दो कलियाँ सुबह उठकर लें। इसे आप गुनगुने पानी के साथ ले सकते हैं। उपर दिए उपायों की तरह ही लहसुन भी आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढाती है तथा विभिन्न अन्य लाभ देती है।

5. अगर आप दूध पीते हैं तो रोज़ रात में एक चुटकी हल्दी के साथ गुनगुना दूध लेकर सोयें।

6. ग्वारपाठा भी आसानी से मिलने वाला पौधा है। इसकी मोटी और लम्बी पत्तियों में खुशबुरहित जेल मिलता है जिसके अद्भुत लाभ होते हैं। एक जेल की एक चम्मच मात्रा रोजाना सुबह पानी के साथ लेने से न सिर्फ आपकी त्वचा और जोड़ों को लाभ होगा, बल्कि आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता भी बढ़ेगी।

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7. आप होमोपेथिक दवाएं भी ले सकते हैं। Pyrogenium 200 और Inflenzium 200 नामक दवाओं की पांच गोलियां दिन में तीन बार लेने से न सिर्फ H1N1 वायरस खत्म होगा, बल्कि अन्य तरह के फ्लू का भी खत्म हो जाएगा।

8. रोजाना प्राणायाम करें। नियमित रूप से जॉगिंग करें। यह आदतें आपके फेफड़ों और गले गले को साफ़ रखेगी तथा शरीर को भी सुगठित बनाएगी। रोजाना ऐसी छोटी छोटी आदतें भी आपको ऐसे रोगों से बचा सकती हैं जो आपकी नाक, गले और फेफड़ों पर आक्रमण करते हैं। 

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